कॉकरोच जनता पार्टी का जन्म तो मीम से हुआ लेकिन ये गंभीर बदलाव की शुरुआत हो सकती है
दिल्ली: भारतीय राजनीति को एक असामान्य प्रतीक मिल गया है: तिलचट्टा या कॉकरोच. पिछले हफ्ते, भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकान्त की टिप्पणियों के बाद कॉकरोच अचानक सुर्खियों में आ गया. एक सुनवाई के दौरान, उन्होंने कथित तौर पर बेरोज़गार युवाओं, जो पत्रकारिता और एक्टिविज़्म की ओर बढ़ रहे हैं, की तुलना तिलचट्टों और परजीवियों से की.
बाद में उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका इशारा विशेष रूप से ‘फर्जी और बेहूदा डिग्री’ वाले लोगों की ओर था, न कि व्यापक रूप से भारत के युवाओं की तरफ.
लेकिन तब तक यह टिप्पणी सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से फैल चुकी थी, जिससे गुस्सा, चुटकुले और एक ‘मज़ेदार राजनीतिक विचार’ के तौर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी )जन्म ले चुकी थी. सीजेपी कोई औपचारिक राजनीतिक पार्टी नहीं है, बल्कि राजनीतिक व्यंग्य पर आधारित एक ऑनलाइन आंदोलन है.
इसकी सदस्यता शर्तों में बेरोज़गार होना, आलसी होना, हमेशा ऑनलाइन रहना और ‘पेशेवर तरीके से भड़ास निकालने की क्षमता’ होना शामिल है.


