
देहरादून: अल्मोड़ा। नगर का एडम्स-धार की तूनी मार्ग (रानीधारा मार्ग) कई मोहल्लों को जोड़ता है। डेढ़ किमी लंबा यह मार्ग जर्जर हालत में है। उबड़-खाबड़ हुए मार्ग में वाहन चलना तो दूर पैदल चलने वाले लोगों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। पिछले पांच साल से इस मार्ग पर डामर नहीं हुआ है। इस मार्ग से स्थानीय मोहल्लों के लोगों के अलावा कई स्कूलों के बच्चे भी आते-जाते हैं। पर जिला मुख्यालय के इस मार्ग की कोई सुध नहीं ले रहा है।
इस मार्ग से होकर रानीधारा, पश्चिमी पोखरखाली, पनीउडियार, धार की तूनी, एनटीडी आदि क्षेत्रों के लोग आते-जाते हैं। मार्ग छोटे चौपहिया वाहनों के लिए आवाजाही के लिए बना है। इस सड़क पर 2015-16 में डामर किया गया था।
कभी मोबाइल कंपनियों ने केबल डालने के लिए तो कभी पाइप लाइन बिछाने के लिए इस मार्ग को खोदा जाता रहा है। इसके बाद मार्ग के रखरखाव पर कोई ध्यान नहीं दिया जाता। मार्ग की खुदाई के बाद कुछ माह पूर्व गड्ढों को सीेमेंट से पाटा गया, लेकिन सीमेंट भी उखड़ गया है। यह मार्ग लक्ष्मेश्वर और एनटीडी वार्ड की सीमा रेखा भी है। स्थानीय लोग और जनप्रतिनिधि मार्ग की दशा सुधारने की मांग जिला प्रशासन और पालिका परिषद से करते आ रहे हैं लेकिन कोई इस और ध्यान नहीं दे रहा है।

