देहरादून, (देवभूमि जनसंवाद न्यूज़) प्रथम तीर्थंकर देवाधिदेव श्री 1008 भगवान ऋषभदेव जी को छ माह की तपस्या के पश्चात प्रथम आहार गन्ने के रस का आहार राजा श्रेयांश द्वारा दिया गया था , इसीलिए आज के दिन हर जैन मंदिर में गन्ने के रस का अभिषेक किया जाता है और जनता में गन्ने का रस वितरित करने का विशेष महत्व माना गया है, इसी प्रथा के अनुरूप आज जैन समाज के वरिष्ठ समाजसेवी श्री सुधीर जैन जी द्वारा अपने प्रतिष्ठान दून सेंटिफिक कंपनी तिलक रोड में गन्ने के रस का वितरण किया गया, जिसमे जैन परिवार के आलोक जैन,रिचा जैन, राहुल जैन, रेनू जैन, अंकुर जैन, और संजय गर्ग, अरूण खरबंदा, रोशन राना, दीपक जेठी, विभिन्न संस्थाओ से आये प्रतिनिधि शामिल हुए


