नई दिल्ली / देहरादून : उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष एवं कोटद्वार विधायक ऋतु खण्डूडी भूषण ने नई दिल्ली में भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष व उत्तराखंड प्रदेश प्रभारी राम माधव और राज्यसभा सांसद सह राष्ट्रीय मुख्यालय प्रभारी तरुण चुग से शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान प्रदेश के विकास, सांस्कृतिक संरक्षण और विभिन्न समसामयिक विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने राम माधव को उत्तराखंड प्रदेश का नया प्रभारी नियुक्त किए जाने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। भेंट के दौरान उन्होंने देवभूमि की समृद्ध लोकसंस्कृति, पारंपरिक लोककलाओं, ऐतिहासिक विरासत और अद्वितीय प्राकृतिक वैभव पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उत्तराखंड की इन विशिष्टताओं का संरक्षण और प्रचार-प्रसार नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने के लिए अत्यंत आवश्यक है।
भेंट के दौरान भेंट की गईं प्रमुख पुस्तकें
इस आत्मीय मुलाकात के दौरान विधानसभा अध्यक्ष ने राम माधव को उत्तराखंड की सांस्कृतिक और प्राकृतिक धरोहर को दर्शाने वाली तीन महत्वपूर्ण पुस्तकें भेंट कीं:
कण्वाश्रम–भरत से भारतवर्ष: यह पुस्तक कोटद्वार के ऐतिहासिक एवं पौराणिक महत्व और भारतवर्ष की सांस्कृतिक चेतना को रेखांकित करती है। हाल ही में इस पुस्तक को कला एवं कॉफी टेबल बुक श्रेणी में देशभर में प्रथम पुरस्कार प्राप्त हुआ है, जो कोटद्वार की ऐतिहासिक विरासत के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।
Vibrant Birds of Kotdwar: कोटद्वार क्षेत्र की समृद्ध पक्षी संपदा, जैव विविधता और प्राकृतिक सौंदर्य को दर्शाती यह पुस्तक क्षेत्र के पर्यावरणीय महत्व को सामने लाती है।
रम्माण: उत्तराखंड की विश्वविख्यात पारंपरिक लोकनाट्य कला, लोकविश्वासों और सांस्कृतिक अभिव्यक्तियों पर आधारित यह पुस्तक प्रदेश की अनूठी लोककला को प्रदर्शित करती है।
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि कोटद्वार और संपूर्ण उत्तराखंड अपनी ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक धरोहर के मामले में विशेष महत्व रखता है। इन प्रकाशनों के माध्यम से प्रदेश की विशिष्ट पहचान को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और अधिक सशक्त बनाने का अवसर मिलता है।
तरुण चुग से शिष्टाचार भेंट
इसके पश्चात विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूडी भूषण ने राज्यसभा सांसद एवं भाजपा के राष्ट्रीय मुख्यालय प्रभारी तरुण चुग से भी शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच विभिन्न समसामयिक और संगठनात्मक विषयों पर सकारात्मक चर्चा हुई।




